अंबिकापुर: छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर शहर में पीलिया (Jaundice) का प्रकोप तेजी से फैल रहा है। अब तक 40 से अधिक लोग इस बीमारी की चपेट में आ चुके हैं। मामले की जांच के दौरान नगर निगम की बड़ी लापरवाही सामने आई है, जहां पेयजल की पाइप लाइन के लीकेज को बंद करने के लिए ‘पुरानी सड़ी हुई चप्पल’ का इस्तेमाल किया गया था।
पाइप लाइन में चप्पल देख भड़के लोग
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पीलिया फैलने के बाद जब नगर निगम की टीम ने पाइप लाइन की जांच के लिए गड्ढा खोदा, तो वहां का नजारा देख लोग दंग रह गए। मुख्य पाइप लाइन के कनेक्शन पर टूटी और सड़ी हुई चप्पल बांधी गई थी। नेता प्रतिपक्ष शफी अहमद ने इस पर कड़ी आपत्ति जताते हुए जिम्मेदार कर्मचारियों पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
ग्राउंड जीरो पर पहुंचे CMHO और आयुक्त
हालात बिगड़ते देख मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. पी.एस. मार्को और नगर निगम आयुक्त डी.एन. कश्यप ने प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया। सीएमएचओ ने बताया कि मेडिकल कॉलेज भेजे गए 10 सैंपलों में से 2 में खतरनाक संक्रमण (Contamination) पाया गया है। स्वास्थ्य विभाग की टीम अब घर-घर जाकर स्क्रीनिंग और काउंसलिंग कर रही है।
नालियों के बीच से गुजरी मौत की पाइप लाइन
स्थानीय लोगों का आरोप है कि शहर के ज्यादातर हिस्सों में पानी की पाइप लाइन नालियों के भीतर से गुजरी है। पाइप में हल्का सा भी लीकेज होने पर नालियों का गंदा पानी सीधे पीने के पानी में मिल रहा है। घुटरापारा, नवागढ़ और अग्रसेन वार्ड इस समय पीलिया से सबसे ज्यादा प्रभावित हैं, जिससे पूरे शहर में दहशत का माहौल है।
निगम का बचाव: “पूरे शहर में हालात खराब नहीं”
नगर निगम आयुक्त डी.एन. कश्यप ने सफाई देते हुए कहा कि पिछले तीन दिनों से टीम फॉल्ट सुधारने में लगी है। उन्होंने दावा किया कि लगभग 50 घरों से सैंपल लिए गए थे, जिनमें से केवल 3-4 घरों में ही दूषित पानी मिला है। हालांकि, अधिकारी अब तक उस मुख्य फॉल्ट को नहीं ढूंढ पाए हैं जहां से संक्रमण की शुरुआत हुई।
स्वास्थ्य विभाग की चेतावनी: पानी उबालकर पिएं
डॉक्टरों ने लोगों को सख्त हिदायत दी है कि पानी को अच्छी तरह उबालकर ही पिएं और बाहर का खुला खाना बिल्कुल न खाएं। सीएमएचओ ने कहा कि स्थिति को नियंत्रित करने के लिए डॉक्टरों की विशेष टीम कैंप लगाकर इलाज कर रही है। वहीं, निगम प्रशासन प्रभावित इलाकों में ब्लीचिंग पाउडर और क्लोरीन का छिड़काव करवा रहा है।
अंबिकापुर में फैला यह बेमौसम पीलिया नगर निगम के दावों और कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। प्रशासन अब तक इस पहेली को सुलझाने में जुटा है कि आखिर पीलिया का असली स्रोत कहां है।








