रायपुर: छत्तीसगढ़ की विष्णुदेव साय सरकार ने प्रदेश के युवाओं के लिए रोजगार का बड़ा पिटारा खोल दिया है। स्कूल शिक्षा विभाग में 5,000 शिक्षकों की सीधी भर्ती की प्रक्रिया शुरू हो गई है। मुख्यमंत्री ने इस कदम को राज्य की शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक निर्णय बताया है।
व्यापम लेगा परीक्षा: अक्टूबर और नवंबर में होंगे एग्जाम
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने स्पष्ट किया कि पूरी भर्ती प्रक्रिया पारदर्शिता के साथ व्यापम के माध्यम से संपन्न कराई जाएगी। व्यापम ने वर्ष 2026 के लिए शिक्षक भर्ती परीक्षाओं का संभावित कैलेंडर भी जारी कर दिया है:
“युवा गढ़ेंगे प्रदेश का भविष्य”
भर्ती प्रक्रिया पर बयान देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 5000 शिक्षकों की यह नियुक्ति केवल रोजगार का अवसर नहीं है, बल्कि प्रदेश की आने वाली पीढ़ी को तराशने की एक बड़ी जिम्मेदारी है। उन्होंने अभ्यर्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा:
“परिश्रम, लगन और आत्मविश्वास के साथ किया गया प्रयास निश्चित रूप से सफलता दिलाता है। हमारे युवा शिक्षा के माध्यम से नई पीढ़ी को मजबूत बनाने में अहम भूमिका निभाएंगे।”
तैयारी में जुटे उम्मीदवारों को शुभकामनाएँ
मुख्यमंत्री ने परीक्षा की तैयारी कर रहे प्रदेश के सभी युवक-युवतियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। सरकार का लक्ष्य है कि इन नियुक्तियों के माध्यम से ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों के स्कूलों में शिक्षकों की कमी को दूर किया जा सके और शिक्षा के स्तर में सुधार लाया जाए।
व्यापम के माध्यम से परीक्षा तिथियों की एडवांस घोषणा करना उम्मीदवारों के लिए एक सकारात्मक संकेत है, जिससे उन्हें तैयारी के लिए पर्याप्त समय मिलेगा। 2026 के अंत तक इन 5000 शिक्षकों की ज्वाइनिंग से न केवल बेरोजगारी दर में कमी आएगी, बल्कि सरकारी स्कूलों के शैक्षणिक ढांचे में भी बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।









